देश के लिए पिता ने कटवा दिए हाथ, दर-दर की ठोकरें खाने को मजबूर हैं

13
aajtaklives news, news in hindi, hindi news, up news, Republic Day, freedom Fighter, Shahjahanpur, गणतंत्र दिवस,Shahjahanpur, Republic Day, British

फूट-फूटकर रोई स्वतंत्रता सेनानी की बेटी; कहा- देश के लिए पिता ने कटवा दिए हाथ, दर-दर की ठोकरें खाने को मजबूर हैं

घर है वो भी टूटा हुआ, खाने के लिए भी कुछ नहीं है; पिता ही मेरे लिए सबकुछ थे

शाहजहांपुर (यूपी). देशभर में 26 जनवरी (70th Republic Day Celebrations) का माहौल है। हर कोई देश के लिए मर मिटने वाले शहीदों को नमन कर रहा है। वहीं, दूसरी ओर देश के लिए जान गंवाने वाले स्वतंत्रता सेनानी की बेटी दर-दर की ठोकरें खाने को मजबूर है। शाहजहांपुर में गणतंत्र दिवस के मौके पर जिला कलेक्ट्रेट में जब उन्हें बोलने का मौका दिया गया, तो वह फूट-फूट कर रो पड़ीं। स्वतंत्रता सेनानी महेश नाथ मिश्रा (Freedom Fighter Mahesh Nath Mishra) की बेटी राजेश्वरी शुक्ला (Rajeshwari Shukla) ने दर्द बयां करते हुए बताया कि कैसे प्रशासन ने उन्हें पिता के शहीद होने के बाद कोई आर्थिक मदद नहीं की। डीएम के सामने जब राजेश्वरी ने अपनी बात रखनी शुरू की, तो प्रशासनिक अधिकारियों में हड़कंप मच गया।

यह भी पढ़ें : 10 साल की साली से 7 महीने तक किया गैंगरेप, अननेचुरल और ओरल सेक्स भी करते थे

घर है, वो भी टूटा हुआ

राजेश्वरी ने कहा, मेरे पिता ने देश के लिए अपने हाथ अंग्रेजों से कटवा दिए। आज हमारे हालात ऐसे हैं कि खाने के लिए कुछ नहीं है। सरकार की ओर से कोई पेंशन नहीं मिल रही है। घर है, वो भी टूटा हुआ। उस पर तिरपाल लगा है। बरसात में पानी भर जाता है। पिछले 40 साल से मैं जिला कलेक्ट्रेट में झंडावंदन के लिए आ रही हूं। खुद जिला प्रशासन हमें बुलाता है। लेकिन जब सरकारी योजना का लाभ देने की बात आती है, तो सारे अधिकारी भूल जाते हैं। यहां के कौशल अधिकारी ने कहा था, मैं विवाहित हूं इसलिए कोई लाभ नहीं मिल सकता।

पति से अलग रहती हूं, बच्चे भी साथ नहीं देते

राजेश्वरी ने रोते हुए कहा, मुझे अपने पति से अलग हुए 40 साल से ज्यादा हो गए। मेरे बच्चे भी सपोर्ट नहीं करते। मैं विवाहिता जरूर हूं, लेकिन पिता पर आश्रित हूं। पिता के पेंशन की अधिकारी हूं, तो मुझे सरकारी योजनाओं का लाभ क्यों नहीं मिल रहा। हालांकि, जब उनसे पूछा गया कि डीएम साहब ने कोई आश्वासन दिया तो रोते हुए बोलीं कि पिछले 40 साल से दर्जनों डीएम ने भरोसा दिलाया, लेकिन किसी ने पूरा नहीं किया।

क्या कहना है डीएम का ?

इस मामले पर डीएम अमृत त्रिपाठी ने कहा, आज के कार्यक्रम में स्वतंत्रता सेनानी की बेटी को इसलिए बुलाया गया था कि उनकी जो परेशानी है, उसे दूर किया जाएगा। उन्हें भरोसा दिया है कि राजेश्वरी को जल्द पेंशन मिलने लगेगी। इसके लिए उन्होंने अधिकारियों को आदेश दिया है कि स्वतंत्रता सेनानी की बेटी को जो दिक्कतें है उन्हें दूर किया जाए।

यह भी पढ़ें : पहले नींद में पत्नी का रेप करता, फिर करता और भी…

यह भी पढ़ें : शर्मनाक…कानपुर में वृद्धा को हवस का शिकार बनाया, मौत

यह भी पढ़ें : लड़की के साथ 15 लड़कों ने किया गैंगरेप, अब 4 माह की प्रेग्नेंट है मासूम


Hindi News से जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें फेसबुक पर ज्वाइन करें