पुरानी गाड़ी खरीद या बेच रहे हैं तो भूलकर भी न करें ये 5 गलती, होगा बड़ा नुकसान

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ऑटो डेस्क। मैसूर ट्रैफिक पुलिस ने एक होंडा एक्टिवा स्कूटर पर 63,500 रुपए का जुर्माना लगाया है। इस एक्टिवा पर अब तक ट्रैफिक नियम तोड़ने के 635 मामले दर्ज हैं। जिसके चलते जुर्माने की कुल राशि 63,500 रुपए हो गई। ये 2015 का मॉडल है, इस हिसाब से जुर्माना इसकी मूल कीमत से ज्यादा हो जाता है। मैसूर में नई एक्टिवा की एक्स-शोरूम प्राइस 61,688 रुपए से शुरू है।

क्या है पूरा मामला?

ट्रैफिक पुलिस ने होंडा एक्टिवा जिसका नंबर KA09HD4732 था, उसके चालक को हेलमेट नहीं पहनने के चलते रोका। जब चालान काटने के लिए गाड़ी का नंबर डाटाबेस में डाला गया तब इस स्कूटर के ट्रैफिक नियम तोड़ने के 635 मामले सामने आए। यानी इस पर पहले से ही 63500 रुपए का जुर्माना बाकी था। इस स्थिति में राइडर अपना स्कूटर छोड़कर भाग गया। रिकॉर्ड में स्कूटर के. मधुप्रसाद के नाम से रजिस्टर है। हालांकि, उनका कहना है कि वे स्कूटर बेच चुके हैं। इस मामले में यदि पुराने ओनर ने बिना ‘डिलीवरी नोट’ के स्कूटर बेचा है तब जुर्माने की रकम उसे चुकानी पड़ेगी। गाड़ी बेचने वाली की जिम्मेवारी है कि वो कस्टमर को गाड़ी देने से पहले उसका साइन किया हुआ डिलीवरी नोट ले ले।

एक्सपर्ट ने बताई पुरानी गाड़ी खरीदने-बेचने में ध्यान रखें 4 बातें

1. पुरानी गाड़ी खरीदते या बेचते समय उसके पेपर्स को अच्छी चेक करना चाहिए। गाड़ी के रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट के साथ उसका बीमा होना भी अनिवार्य है। इसके साथ, गाड़ी का नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOC) भी होना चाहिए। हो सके तो इसका एक एग्रीमेंट भी बनवाना चाहिए।

2. पुरानी गाड़ी बेचने या खरीदने के बाद RTO में जाकर उसके ऑनर की डिटेल भी बदलवाना चाहिए। यदि ऐसा नहीं किया तब गाड़ी पुराने ऑनर के नाम पर ही रहेगी। जिसके चलते आपको फ्यूचर में प्रॉब्लम फेस करना पड़ सकती हैं।

3. गाड़ी की बीमा एजेंसी से उसके पुराने रिकॉर्ड को भी चेक करना चाहिए। यानी गाड़ी का कोई एक्सीडेंट तो नहीं हुआ है या फिर उस पर किसी तरह की कानूनी कार्रवाई तो नहीं चल रही।

4. यदि गाड़ी के मॉडल से छेड़खानी की गई है, यानी उसे मोडिफाइड किया गया है तब उसे खरीदने से बचें। क्योंकि यदि गाड़ी के मॉडल में बदलाव किए जाते हैं तब RTO मॉडल की डिटेल देना जरूरी है। यदि ऐसा नहीं किया तब उस पर मोटर व्हीकल एक्ट की धारा के तहत कार्रवाई हो सकती है।

5. पुरानी गाड़ी के ब्रेक, ऑयल लीकेज, जंग, क्लच, चेन, टायर्स और फ्यूल टैंक को भी चेक करना चाहिए। यदि इसमें ने किसी पार्ट में प्रॉब्लम है, खासकर बाइक में कहीं जंग लग रही है तब उसमें आपको पैसे खर्च करने पड़ सकते हैं।